मरवाही वनमंडल में अवैध कटाई और अतिक्रमण का खेल – विभागीय अधिकारियों मौन रहना, जंगल पर संकट

मरवाही वनमंडल में अवैध कटाई और अतिक्रमण का खेल – विभागीय अधिकारियों मौन रहना, जंगल पर संकट
गौरेला–पेंड्रा–मरवाही:- मरवाही वनमंडल के गौरेला परिक्षेत्र अंतर्गत तरई गाँव परिसर में बड़े पैमाने पर अवैध कटाई और अतिक्रमण का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि परिक्षेत्र सहायक गौरेला राजीव सिसोदिया एवं परिसर रक्षक सुंदर पैकरा वन माफियाओं से मिलीभगत कर रहे हैं।

सूत्रों के अनुसार, हरे-भरे जंगलों में खड़े इमारती साल और कच्चे लकड़ी की अवैध कटाई कर मोटी कमाई की जा रही है। इस अवैध कारोबार से न केवल पर्यावरण को गहरी क्षति पहुँच रही है, बल्कि वन संपदा का भी भारी नुकसान हो रहा है।
ग्रामीण एवं सूत्रों का है कहना है कि वन विभाग के जिम्मेदार अधिकारी सब कुछ जानते हुए भी मूकदर्शक बने हुए हैं। विभागीय संरक्षण और के बिना इस स्तर पर लकड़ी तस्करी संभव नहीं है। आरोप है कि वन माफियाओं को विभागीय अधिकारियों का संरक्षण प्राप्त है, जिसकी वजह से जंगल का तेजी से सफाया हो रहा है। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि उच्च स्तरीय जांच कर दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए ताकि वन संपदा की रक्षा हो सके।

सवाल यह उठता है कि जब हरे-भरे साल के पेड़ परिक्षेत्र में धड़ल्ले से काटे जा रहे हैं, तो आखिर वन विभाग के उच्च अधिकारी क्यों चुप्पी साधे हुए हैं….? क्या यह पूरा नेटवर्क जिम्मेदार अधिकारियों के संरक्षण में फल-फूल रहा है…?









