
“ भ्रष्टाचार का महाविस्फोट! पटवारी का रिश्वत लेते वीडियो वायरल, खुद कबूला—तहसीलदार और आरआई तक जाता है पैसा, अब पूरे सिस्टम पर उठे बड़े सवाल”
गरियाबंद जिले के छुरा क्षेत्र से भ्रष्टाचार की एक ऐसी तस्वीर सामने आई है जिसने पूरे राजस्व महकमे की साख पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हल्का नंबर 28 और अतिरिक्त हल्का नंबर 36 के पटवारी खेमचंद साहू कथित तौर पर रिश्वत लेते कैमरे में कैद हो गए हैं। वायरल हो रहे ऑडियो और वीडियो में न सिर्फ लेन-देन की बात सामने आई है, बल्कि खुद पटवारी यह कहते सुनाई दे रहे हैं कि उन्हें यह रकम तहसीलदार और राजस्व निरीक्षक (आरआई) तक भी पहुंचानी पड़ती है।

इस खुलासे के बाद प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मच गया है। मामला सिर्फ एक कर्मचारी तक सीमित नहीं दिख रहा, बल्कि पूरे सिस्टम में ‘बंटवारे’ के खेल की आशंका ने आग में घी डाल दिया है। स्थानीय लोगों का गुस्सा अब खुलकर सामने आ रहा है—लोग सड़कों पर उतरने और कड़ी कार्रवाई की मांग करने की तैयारी में हैं।
सबसे बड़ा सवाल अब यही है कि क्या कार्रवाई केवल पटवारी तक सीमित रहेगी या फिर जांच की आंच तहसीलदार और आरआई जैसे बड़े अधिकारियों तक भी पहुंचेगी? क्या यह मामला पूरे राजस्व विभाग में फैले भ्रष्टाचार के जाल को उजागर करेगा, या फिर हमेशा की तरह एक छोटे कर्मचारी पर ही गाज गिराकर फाइल बंद कर दी जाएगी?

फिलहाल जिला प्रशासन और वरिष्ठ अधिकारियों की चुप्पी कई सवाल खड़े कर रही है। आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है, लेकिन जनता अब जवाब चाहती है—और वो भी तुरंत।
















