LIVE UPDATE
झमाझम खबरेंदुनियादेशप्रदेशराजनीतीरायपुर

पैसा दो, तभी मिलेगा हक’—सरकारी दफ्तर की खुली लूट का पर्दाफाश, रिटायर्ड शिक्षक से घूस लेने वाले लेखापाल को कोर्ट ने ठोकी 3 साल की सजा”

“‘पैसा दो, तभी मिलेगा हक’—सरकारी दफ्तर की खुली लूट का पर्दाफाश, रिटायर्ड शिक्षक से घूस लेने वाले लेखापाल को कोर्ट ने ठोकी 3 साल की सजा”

रिटायर्ड शिक्षक को लूटने वाला बाबू सलाखों के पीछे: रिश्वतखोर लेखापाल को 3 साल की सजा”

ये खबर भी पढ़ें…
आदिवासी समाज की 16 सूत्रीय मांगें, जमीन कब्जे से फर्जी जाति प्रमाण पत्र तक जांच की मांग
आदिवासी समाज की 16 सूत्रीय मांगें, जमीन कब्जे से फर्जी जाति प्रमाण पत्र तक जांच की मांग
October 25, 2026
आदिवासी समाज की 16 सूत्रीय मांगें, जमीन कब्जे से फर्जी जाति प्रमाण पत्र तक जांच की मांग गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। सर्व आदिवासी...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

अंबिकापुर, सरगुजा। सरकारी दफ्तरों में भ्रष्टाचार की जड़ें कितनी गहरी हैं, इसका एक और शर्मनाक उदाहरण सामने आया है। रिटायर्ड शिक्षक के हक के पैसे के लिए रिश्वत मांगने वाले लेखापाल को आखिरकार कोर्ट ने कड़ा सबक सिखाते हुए 3 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 5 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।यह कार्रवाई एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की ट्रैप कार्रवाई के बाद संभव हो सकी, जिसमें आरोपी को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया था।हक के पैसे पर ‘दलाली’!

शिकायतकर्ता बरनाबस मिंज, जो कि एक सेवानिवृत्त प्रधान पाठक हैं, 2017 में रिटायर हुए थे। उन्हें ग्रेच्युटी के 15 लाख रुपये तो मिल गए, लेकिन अवकाश नगदीकरण (6 लाख) और सातवें वेतनमान का एरियर्स (1 लाख) वर्षों तक अटका रहा।आरोपी लेखापाल प्रमोद गुप्ता ने इन वैध भुगतान को जारी करने के लिए खुलेआम रिश्वत की मांग की। हैरानी की बात यह है कि उसने पहले ही 5 हजार रुपये ऐंठ लिए थे और आगे 70 हजार रुपये तक की मांग कर डाली।

ये खबर भी पढ़ें…
जीपीएम के अभिनव तिवारी ने शास्त्रीय संगीत में हासिल किया इंटरनेशनल अवॉर्ड 2026, प्रथम स्थान प्राप्त कर जिले का बढ़ाया गौरव
जीपीएम के अभिनव तिवारी ने शास्त्रीय संगीत में हासिल किया इंटरनेशनल अवॉर्ड 2026, प्रथम स्थान प्राप्त कर जिले का बढ़ाया गौरव
October 25, 2026
जीपीएम के अभिनव तिवारी ने शास्त्रीय संगीत में हासिल किया इंटरनेशनल अवॉर्ड 2026, प्रथम स्थान प्राप्त कर जिले का बढ़ाया...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

रिश्वत की मांग और गिरफ्तारी

बतौली विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय में पदस्थ तत्कालीन लेखापाल सहायक ग्रेड-2, प्रमोद गुप्ता ने इन बकाया राशियों के भुगतान के बदले रिश्वत की मांग की थी। आरोपी ने पहले ही प्रार्थी से 5 हजार रुपये ले लिए थे। शेष राशि और काम जल्दी कराने के नाम पर कुल 10 हजार रुपये की रिश्वत के मामले में प्रार्थी ने 17 नवंबर 2020 को एसीबी कार्यालय अंबिकापुर में शिकायत दर्ज कराई थी।

ये खबर भी पढ़ें…
तेंदुमुडा में भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन, जिला पंचायत सदस्य पवन पैकरा हुए शामिल
तेंदुमुडा में भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन, जिला पंचायत सदस्य पवन पैकरा हुए शामिल
October 25, 2026
तेंदुमुडा में भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन, जिला पंचायत सदस्य पवन पैकरा हुए शामिल गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। जिला पंचायत क्षेत्र क्रमांक 03...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

“पैसा दो, तभी मिलेगा हक”आरोपी ने साफ शब्दों में कहा था कि बिना पैसे के फाइल आगे नहीं बढ़ेगी। अवकाश नगदीकरण के बिल के लिए 60 हजार और एरियर्स के लिए 10 हजार रुपये की डिमांड की गई। मजबूर होकर पीड़ित ने ACB का दरवाजा खटखटाया,जाल बिछा, बाबू फंसा,30 दिसंबर 2020 को एसीबी ने जाल बिछाया और बतौली स्थित शिक्षा कार्यालय में आरोपी को 10 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया।कोर्ट का सख्त संदेश,लंबी सुनवाई के बाद कोर्ट ने आरोपी को दोषी करार देते हुए 3 साल की सजा सुनाई। यह फैसला उन तमाम भ्रष्ट अधिकारियों के लिए चेतावनी है जो आम लोगों के हक के पैसे पर डाका डालते हैं।सवाल अब भी बाकी…सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या ऐसे मामलों के बाद भी सरकारी दफ्तरों में रिश्वतखोरी पर लगाम लगेगी? या फिर आम आदमी यूं ही अपने ही पैसे के लिए भ्रष्ट सिस्टम के आगे झुकता रहेगा?

Back to top button
error: Content is protected !!