LIVE UPDATE
झमाझम खबरेंट्रेंडिंगदुनियादेशप्रदेशराजनीतीरायपुर

105.32 लाख रुपए का जलनिकासी योजना अधूरा : नाली निर्माण का काम कछुआ गति से, ठेकेदार की सुस्ती फिर न पड़ जाए भारी?

105.32 लाख रुपए का जलनिकासी योजना अधूरा : नाली निर्माण का काम कछुआ गति से, ठेकेदार की सुस्ती फिर न पड़ जाए भारी?

गत बारिश घरों, दुकानों में जलभराव से आक्रोशित नागरिकों ने रोका था डिप्टी सीएम का काफिला.

ये खबर भी पढ़ें…
बलरामपुर में साइकिल वितरण पर बड़ा सवाल: गुणवत्ता जांच में अफसर फेल, कलेक्टर ने मांगा जवाब; बाकी जिलों में कार्रवाई कब?
बलरामपुर में साइकिल वितरण पर बड़ा सवाल: गुणवत्ता जांच में अफसर फेल, कलेक्टर ने मांगा जवाब; बाकी जिलों में कार्रवाई कब?
August 12, 2026
बलरामपुर में साइकिल वितरण पर बड़ा सवाल: गुणवत्ता जांच में अफसर फेल, कलेक्टर ने मांगा जवाब; बाकी जिलों में कार्रवाई...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

*कोरबा/पाली:-* पिछले साल भारी बारिश में नगर के पत्ता गोदाम के पास मुख्यमार्ग किनारे घरों- दुकानों में पानी घुसने से बर्बाद हुए पाली नगरवासियों का डर फिर सताने लगा है। 105.32 लाख रुपए की लागत से स्वीकृत पुल और नाली निर्माण में पुल तो बनकर लगभग तैयार है, लेकिन नाली निर्माण का काम बारिश में भी अधूरा पड़ा है। जहां लंबे- चौड़े खोदे गए गड्ढे बाढ़ के हालात को न्योता दे रहे हैं।

गत वर्ष भारी बारिश में नगर के मुख्यमार्ग किनारे पत्ता गोदाम क्षेत्र के घरों- दुकानों में जलभराव से लोगों को काफी नुकसान हुआ था, तब आक्रोशित लोगों ने पाली से गुजर रहे उप मुख्यमंत्री के काफिले को रोककर सड़क जाम कर दिया था। डिप्टी सीएम ने मौके पर समस्या समाधान का वादा किया था। इसके बाद कलेक्टर ने निरीक्षण कर जिला खनिज संस्थान न्यास मद से 105.32 लाख के बायपास- मुख्यमार्ग पर 3/8 किमी. में जलभराव की निकासी के लिए पुल एवं नाली निर्माण कार्य की स्वीकृति दी। जिसके क्रियान्वयन एजेंसी लोक निर्माण को बनाया गया। उक्त कार्य मे पुल निर्माण कार्य बीते मई में शुरू होकर लगभग 90 प्रतिशत पूरा हो चुका है, लेकिन नाली का काम कछुआ गति से चल रहा और 40 प्रतिशत भी पूरा नही हुआ है तथा कई घरों- दुकानों के सामने बड़े- बड़े गड्ढे खोदकर निर्माण बेहद धीमे रूप से चल रहा है। स्थानीय व्यापारी और रहवासियों का कहना है कि नाली अधूरी है, ऊपर से गड्ढे खुले पड़े हैं। अगर तेज बारिश हुई तो पानी की निकासी कहां होगी? पिछले साल जैसी स्थिति बन गई तो जिम्मेदार कौन होगा? निर्माण की स्वीकृति तो मिली लेकिन धरातल पर कछुआ चाल से क्रियान्वयन हो रहा है। लोगों को आशंका है कि ठेकेदार की सुस्त कार्यशैली का खामियाजा उन्हें फिर भुगतना न पड़ जाए। अब सवाल यह है कि क्या प्रशासन समय पर नाली बना पाएगा या नगरवासियों को फिर डूबना पड़ेगा?

ये खबर भी पढ़ें…
किसानों की समृद्धि से ही समृद्ध होगा छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय
किसानों की समृद्धि से ही समृद्ध होगा छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय
August 12, 2026
किसानों की समृद्धि से ही समृद्ध होगा छत्तीसगढ़ : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय किसान प्रदेश की प्रगति की धुरी,...
Plugin developed by ProSEOBlogger. Get free gpl themes.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!