
विकसित गांव की कार्ययोजना में ग्रामीणों की भागीदारी, जिले के सभी 163 ग्राम पंचायतों में हुई विशेष ग्राम सभा
*विकसित ग्राम पंचायत प्लान तैयार करने की प्रक्रिया से ग्रामीणों को कराया गया अवगत*

*रोजगार, आजीविका संवर्धन, अधोसंरचना विकास और जल संरक्षण पर हुई चर्चा*
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, 2 अक्टूबर 2026/ गांधी जयंती के अवसर पर आज शासन के निर्देशानुसार तथा कलेक्टर श्री विजय दयाराम के. के मार्गदर्शन और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री मुकेश रावटे के निर्देशन में जिले के सभी 163 ग्राम पंचायतों में विकसित ग्राम पंचायत प्लान (व्हीजीजीपी) तैयार करने के लिए विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन किया गया। ग्राम सभाओं में ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी के साथ गांवों के समग्र विकास की भावी कार्ययोजना पर चर्चा की गई।

ग्राम सभाओं में विकसित भारत जी-राम-जी योजना के उद्देश्यों, प्रमुख प्रावधानों एवं ग्रामीणों को मिलने वाले लाभों की जानकारी दी गई। आगामी वर्ष के लिए विकसित ग्राम पंचायत प्लान तैयार करने के मुख्य सिद्धांतों, प्राथमिकताओं और संपूर्ण प्रक्रिया से ग्रामीणों को अवगत कराया गया। साथ ही गांव की वास्तविक जरूरतों के अनुरूप विकास कार्यों की पहचान और प्राथमिकता तय करने में ग्रामीणों की सहभागिता के महत्व पर विशेष जोर दिया गया। इस दौरान ग्रामीणों को योजना के तहत 125 दिनों के रोजगार, 300 रुपए प्रतिदिन मजदूरी भुगतान, 375 प्रकार के निर्माण कार्यों के माध्यम से अधोसंरचना विकास एवं आजीविका संवर्धन सहित जल संरक्षण से संबंधित कार्यों और जी-राम-जी योजना के आधारभूत चार स्तंभों के बारे में जानकारी दी गई।
ग्राम सभाओं में गांव के विकास के लिए आवश्यक अधोसंरचना, रोजगार एवं आजीविका के अवसर, जल संरक्षण और स्थानीय जरूरतों से जुड़े कार्यों पर ग्रामीणों से सुझाव लिए गए। ग्रामीणों को बताया गया कि विकसित ग्राम पंचायत प्लान में जनभागीदारी महत्वपूर्ण है, ताकि गांव की आवश्यकताओं और प्राथमिकताओं के अनुरूप कार्यों को कार्ययोजना में शामिल किया जा सके। विशेष ग्राम सभाओं में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, वरिष्ठ नागरिकों एवं ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर भागीदारी की।उन्होंने अपने-अपने गांवों की आवश्यकताओं, विकास संबंधी मांगों और सुझावों को ग्राम सभा के समक्ष रखा तथा गांव के समग्र एवं सतत विकास के लिए सामूहिक सहभागिता का संकल्प व्यक्त किया।
















