सरकारी गाड़ी भी नहीं बची रफ्तार के कहर से—CMHO कार और बारात लौट रही गाड़ी की भिड़ंत में 1 की मौत, 6 घायल

सरकारी गाड़ी भी नहीं बची रफ्तार के कहर से—CMHO कार और बारात लौट रही गाड़ी की भिड़ंत में 1 की मौत, 6 घायल
जीपीएम/कोरिया।राष्ट्रीय राजमार्ग-43 पर एक बार फिर तेज रफ्तार ने जान ले ली। जिले के पटना थाना क्षेत्र अंतर्गत जमगहना गांव के बाजार के पास उस वक्त चीख-पुकार मच गई, जब दो अर्टिका कारों की आमने-सामने जबरदस्त भिड़ंत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि एक व्यक्ति की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि 6 लोग घायल हो गए। इनमें से एक की हालत नाजुक बताई जा रही है।

बताया जा रहा है कि एक कार गौरेला-पेंड्रा-मरवाही के CMHO की थी, जबकि दूसरी कार बारात से लौट रही थी। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय ग्रामीणों ने मानवता की मिसाल पेश करते हुए तत्काल राहत-बचाव कार्य शुरू किया और सभी घायलों को जिला अस्पताल बैकुंठपुर पहुंचाया।
अस्पताल सूत्रों के अनुसार, 5 घायलों का इलाज जिला अस्पताल में जारी है, जबकि एक गंभीर रूप से घायल व्यक्ति को बेहतर उपचार के लिए रायपुर रेफर कर दिया गया है।

14 घंटे में दूसरा बड़ा हादसा, प्रशासन पर सवाल
हैरानी की बात यह है कि कोरिया जिले में महज 14 घंटे के भीतर यह दूसरा बड़ा सड़क हादसा है। इससे पहले भी एक दुर्घटना में 3 लोगों की मौके पर मौत हो चुकी है, जबकि 10 लोग घायल हुए थे, जिनमें एक की हालत गंभीर बनी हुई है।

लगातार हो रहे हादसों ने NH-43 की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। तेज रफ्तार, लापरवाही और ट्रैफिक नियंत्रण की कमी अब लोगों की जान पर भारी पड़ रही है।
स्थानीय लोगों में आक्रोश
घटना के बाद क्षेत्र के लोगों में भारी आक्रोश देखा जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि इस मार्ग पर आए दिन हादसे हो रहे हैं, लेकिन प्रशासन कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा। लोगों ने सड़क सुरक्षा के लिए स्पीड कंट्रोल, सख्त निगरानी और पुलिस पेट्रोलिंग बढ़ाने की मांग की है।
अब सवाल ये है—कब जागेगा प्रशासन?
लगातार हो रही मौतों के बावजूद अगर जिम्मेदार आंखें मूंदे रहें, तो NH-43 पर यह ‘मौत का खेल’ कब थमेगा—यह बड़ा सवाल बन गया है।















